सिद्धार्थनगर,08 नवंबर । उत्तर प्रदेश के जनपद सिद्धार्थनगर में आज जहां प्रकाश पर्व दीपावली के जश्न का माहौल है वहीं जिले के खेसरहा थाना क्षेत्र से एक बेहद दुखद और सनसनीखेज खबर सामने आई है। जहाँ दीये की रोशनी के बीच डेढ़ सौ से अधिक लोग अस्पताल के बिस्तर पर ज़िंदगी और मौत की जंग लड़ रहे हैं। वजह है फूड प्वाइजनिंग, जिसने एक झटके में खुशियों को मातम में बदल दिया है।
मामला खेसरहा थाना क्षेत्र के कलनाखोर पेड़ारी और उसके आसपास के दो-तीन गांवों का है। जहां ग्रामीण इलाकों में घूमने वाले एक स्थानीय फुल्की विक्रेता से फुल्की खाना इन डेढ़ सौ से ज़्यादा लोगों के लिए भारी पड़ गया। फुल्की खाने के कुछ ही देर बाद एक-एक करके लोगों की तबीयत बिगड़ने लगी। बच्चों से लेकर बुजुर्ग तक, सब इसकी चपेट में आ गए। शुरुआत में ग्रामीणों ने घबराकर स्थानीय स्तर पर छोटे-मोटे दवाखानों का सहारा लिया, लेकिन जब उल्टी, चक्कर आने और पेट दर्द की शिकायत बेकाबू होने लगी, तो आनन-फानन में सभी को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र खेसरहा और नजदीकी पीएचसी पहुंचाया गया। हालत में कोई सुधार न होता देख डॉक्टरों ने सभी पीड़ितों को जिला मेडिकल कॉलेज के लिए रेफर कर दिया। गनीमत ये है कि ज्यादातर लोगों की स्थिति अब स्थिर है, लेकिन कुछ छोटे बच्चों की हालत अभी भी गंभीर बनी हुई है, जिनका इलाज डॉक्टरों की निगरानी में जारी है।
इस संबंध में मुख्य चिकित्साधिकारी सिद्धार्थनगर डॉ संजय दोहरे ने बताया कि सभी पीड़ितों का इलाज जिला मेडिकल कालेज में चल रहा है। सभी की हालत ठीक है। पानी पूरी खाने से ही ये सभी बीमार हुए हैं।